फुरकान अंसारी।
हरिद्वार। कोतवाली रानीपुर पुलिस ने ऑपरेशन प्रहार के तहत युवती को आत्महत्या के लिए मजबूर करने के मामले में नामजद उसके पति को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी पर मृतका को मानसिक रूप से परेशान करने और धमकी देने का आरोप है।
पुलिस के अनुसार 26 जुलाई को रामधाम कॉलोनी निवासी व्यक्ति ने अपनी 20 वर्षीय बेटी सुहानी की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। अगले दिन 27 जुलाई को उसका शव पथरी पावर हाउस स्थित बैराज से बरामद हुआ। पोस्टमार्टम के बाद परिजनों ने बताया कि सुहानी ने अजय नामक युवक से उनकी मर्जी के खिलाफ कोर्ट मैरिज की थी।
पुलिस की जांच में सामने आया कि दोनों ने 25 जून को कोर्ट मैरिज की थी। पुलिस का कहना है कि सुहानी के गर्भवती होने के बाद उसका पति अजय कथित तौर पर उस पर अपनी इच्छा के मुताबिक काम करने का दबाव बनाता था और गर्भवती होने की बात मोहल्ले में बताने की धमकी देता था। इससे वह मानसिक रूप से परेशान थी। आरोप है कि 25 जुलाई को उसने बहादराबाद में लाल पुल के पास नहर में कूदकर आत्महत्या कर ली।
मामले में 13 अगस्त को गुमशुदगी को मुकदमा अपराध संख्या 283/26 में धारा 108 बीएनएस के तहत तरमीम किया गया। पुलिस ने नामजद आरोपी निवासी ब्रह्मपुरी, रावली महदूद, को पूछताछ के बाद 7 सितंबर को हिरासत में लिया। आरोपी को मंगलवार को न्यायालय में पेश किया जा रहा है। मामले में नामजद अन्य आरोपियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक मनोहर सिंह भंडारी, उपनिरीक्षक चरण सिंह चौहान (चौकी प्रभारी गैस प्लांट), कांस्टेबल करम सिंह और कांस्टेबल गंभीर तोमर शामिल रहे।


