फुरकान अंसारी।
हरिद्वार, 19 सितंबर। गुरुकुल कांगड़ी समविश्वविद्यालय में छात्रहित से जुड़ी विभिन्न समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर छात्र प्रतिनिधिमंडल ने कुलाधिपति को 19 सूत्रीय मांगपत्र सौंपा। प्रतिनिधिमंडल ने विश्वविद्यालय में शैक्षणिक व्यवस्था को बेहतर बनाने के साथ ही प्रशासनिक पारदर्शिता और छात्रों को आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की।
छात्र नेता आशु मलिक और सोकेन्द्र बालियान ने कहा कि विश्वविद्यालय की ऐतिहासिक परंपरा, शैक्षणिक गुणवत्ता और गरिमा को बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में विभिन्न विभागों और परिसरों में हो रहे प्रशासनिक एवं संरचनात्मक बदलावों के कारण विद्यार्थियों को कई प्रकार की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। मांगें किसी व्यक्ति विशेष के विरोध में नहीं, बल्कि छात्रहित और विश्वविद्यालय की व्यवस्था को बेहतर बनाने के उद्देश्य से रखी गई हैं।
मांगपत्र में स्थायी स्टूडेंट-एडमिनिस्ट्रेशन कमेटी के गठन, डिबेट रूम एवं विचार-विमर्श कक्ष की स्थापना, छात्र हेल्पलाइन शुरू करने, विश्वविद्यालय कैंटीन को दोबारा संचालित करने, विभागों के बार-बार स्थानांतरण पर रोक लगाने तथा बड़े प्रशासनिक निर्णयों में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की गई।
इसके अलावा कार्यवाहक अथवा अंतरिम कुलपति की शक्तियों एवं अधिकार क्षेत्र को स्पष्ट करने, विभागों के विलय, पाठ्यक्रमों में बदलाव और शिक्षकों के स्थानांतरण से पहले छात्रों एवं संबंधित विभागों से संवाद करने तथा योग विज्ञान विभाग के स्थानांतरण की समीक्षा करने की मांग भी उठाई गई।
प्रतिनिधिमंडल ने कन्या गुरुकुल परिसर, देहरादून की छात्राओं से जुड़ी समस्याओं को भी प्रमुखता से रखा। छात्राओं के लिए कक्षाओं एवं शैक्षणिक गतिविधियों के सुचारु संचालन के साथ सुरक्षा, स्वच्छता, पेयजल, शौचालय, पुस्तकालय, प्रयोगशाला और कैंटीन जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की गई। साथ ही मेल कैंपस में छात्राओं की कक्षाएं शुरू करने से पहले छात्रों, शिक्षकों और संबंधित हितधारकों से व्यापक विचार-विमर्श करने की बात कही गई।
मांगपत्र में मुख्य परिसर और कन्या गुरुकुल परिसर की मूलभूत सुविधाओं में सुधार, छात्रावासों की व्यवस्था दुरुस्त करने, नए छात्रावास के निर्माण, छात्र प्रतिनिधित्व की व्यवस्था, पुस्तकालय में नई पुस्तकों की उपलब्धता, खेल सुविधाओं के विकास और विश्वविद्यालय जिम को पुनः संचालित करने की मांग भी शामिल है।
छात्र प्रतिनिधिमंडल ने विश्वविद्यालय में घटती छात्र संख्या को भी गंभीर विषय बताते हुए नए पाठ्यक्रम शुरू करने, रोजगारोन्मुख शिक्षा को बढ़ावा देने, बेहतर शैक्षणिक वातावरण तैयार करने और प्रभावी प्रचार-प्रसार के लिए समयबद्ध कार्ययोजना बनाने की मांग की। साथ ही छात्रों की शैक्षणिक, प्रशासनिक, छात्रावास, सुरक्षा और मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए प्रभावी ग्रिवांस रिड्रेसल मैकेनिज्म स्थापित करने की मांग की गई।
प्रतिनिधिमंडल ने कुलाधिपति से सभी मांगों पर गंभीरता से विचार करते हुए छात्र प्रतिनिधियों के साथ प्रत्यक्ष बैठक करने तथा समस्याओं के समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देने का अनुरोध किया। मांगपत्र सौंपने वालों में आशु मलिक, सोकेन्द्र बालियान, विकास कुमार और तुषार पाल शामिल रहे।


