(फुरकान अंसारी)

हरिद्वार, 13 मई 2026।मेला अधिकारी श्रीमती सोनिका ने आगामी कुंभ मेला 2027 की तैयारियों को लेकर संबंधित अधिकारियों की बैठक लेकर सभी आवश्यक तैयारियां समय पर पूर्ण करने के सख्त निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि आसन्न वर्षाकाल अथवा अन्य अपरिहार्य कारणों से जो प्रस्तावित कार्य निर्धारित समय में पूरे होना संभव न हों, उन्हें विभाग तत्काल वापस ले लें, ताकि अन्य आवश्यक एवं महत्वपूर्ण योजनाओं पर पूरी ऊर्जा और संसाधन केंद्रित किए जा सकें।

 

मेला अधिकारी श्रीमती सोनिका ने बुधवार को मेला नियंत्रण भवन में विभिन्न विभागों के नोडल अधिकारियों एवं कार्यदायी संस्थाओं के अधिकारियों के साथ आयोजित समीक्षा बैठक में स्पष्ट शब्दों में कहा कि कुंभ मेला से जुड़े सभी निर्माण कार्य निर्धारित समयसीमा के भीतर पूर्ण किए जाएं। उन्होंने कहा कि कार्यों में किसी भी प्रकार की देरी, शिथिलता अथवा लापरवाही को गंभीरता से लिया जाएगा तथा संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।

 

उन्होंने कुंभ मेला 2027 के लिए स्वीकृत सड़कों, पुलों, घाटों, जलापूर्ति योजनाओं, विद्युतीकरण, आंतरिक मार्गों एवं चौराहों के सुधार संबंधी योजनाओं की विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने कहा कि कुंभ मेला करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था एवं सुविधा से जुड़ा महाआयोजन है। इसलिए सभी विभाग युद्धस्तर पर कार्य करते हुए यह सुनिश्चित करें कि मेले के दौरान श्रद्धालुओं एवं स्थानीय निवासियों को बेहतर सुविधाएं और सुगम व्यवस्थाएं उपलब्ध हो सकें।

 

बैठक में उन्होंने कार्यों की गुणवत्ता एवं समयबद्धता पर विशेष जोर देते हुए कम प्रगति वाले विभागों को कड़ी चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि जिन विभागों की कार्यगति अपेक्षा के अनुरूप नहीं पाई जाएगी, उनके विरुद्ध जवाबदेही तय की जाएगी। इसके अतिरिक्त उन्होंने वित्त नियंत्रक को निर्देशित किया कि जिन विभागों द्वारा कार्यों में संतोषजनक प्रगति दिखाई जा रही है, उन्हें उनकी मांग के अनुरूप योजनाराशि की दूसरी किश्त समय पर जारी की जाए।

 

उन्होंने स्वीकृत योजनाओं के संबंध में कार्यदायी संस्थाओं को अविलंब एमओयू की प्रक्रिया पूर्ण करने के निर्देश भी दिए। प्रस्तावित कार्यों की समीक्षा करते हुए उन्होंने कहा कि केवल उन्हीं कार्यों पर ध्यान केंद्रित किया जाए, जो निर्धारित समय में पूर्ण हो सकें। अन्यथा विभाग ऐसे प्रस्ताव वापस ले लें।

 

मेला अधिकारी ने बस स्टेशनों के सुदृढ़ीकरण एवं अस्थायी बस अड्डों के निर्माण संबंधी योजनाओं की समीक्षा करते हुए कहा कि रेलवे एवं बस स्टेशनों पर श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा एवं स्वच्छता के लिए पर्याप्त व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जानी आवश्यक हैं। उन्होंने रेलवे एवं बस स्टेशनों के सौंदर्यीकरण को लेकर भी विशेष निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कुंभ क्षेत्र के सभी रेलवे स्टेशनों एवं बस अड्डों का स्वरूप एक समान एवं आकर्षक दिखाई देना चाहिए। इसके लिए सभी स्टेशनों के फसाड (मुख्य अग्रभाग) में एकरूपता लाने के निर्देश देते हुए एचआरडीए के वास्तुविद के माध्यम से मॉडल डिजाइन तैयार कराने को कहा।

 

हाइब्रिड मोड में आयोजित इस बैठक में अपर मेला अधिकारी दयानंद सरस्वती, उप मेला अधिकारी मनजीत सिंह, वित्त नियंत्रक लखेन्द्र गौंथियाल, तकनीकी सेल के अधिशासी अभियंता प्रवीन कुमार एवं अभिनव नौटियाल, पीआईयू के परियोजना प्रबंधक प्रवीन कुश, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग दीपक कुमार, अधिशासी अभियंता जल निगम राजेश कुमार, अधिशासी अभियंता यूपीसीएल दीपक सैनी, एचआरडीए की वरिष्ठ वास्तुविद दृष्टि जैन सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

Share.
Leave A Reply