(फुरकान अंसारी)
हरिद्वार, 7 फरवरी 2026। एसएसपी हरिद्वार के कुशल नेतृत्व में रानीपुर पुलिस ने एक सनसनीखेज ब्लाइंड मर्डर केस का खुलासा करते हुए 48 घंटे के भीतर हत्यारोपी को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। महज एक मोबाइल फोन छीनने के विरोध में दिव्यांग ई-रिक्शा चालक की निर्मम हत्या कर दी गई।
क्या था पूरा मामला
दिनांक 04 फरवरी 2026 को थाना रानीपुर पर रामआसरे पुत्र नाथूराम, निवासी मकान नंबर-114 विष्णुलोक कॉलोनी, रानीपुर हरिद्वार द्वारा अपने पुत्र मनीष (38 वर्ष) के गुमशुदा होने की सूचना दी गई। मनीष पैरों से दिव्यांग था और ई-रिक्शा चालक के रूप में काम करता था।
सूचना के आधार पर थाना रानीपुर में गुमशुदगी संख्या 06/26 दर्ज कर पुलिस द्वारा तलाश शुरू की गई।
जांच में सामने आया अहम सुराग
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि मनीष का मोबाइल फोन पांवधोई मोहल्ले, ज्वालापुर निवासी अयान उर्फ सुन्नत द्वारा बैरियर नंबर-05 के पास कॉल करने के बहाने लिया गया था, जिसके बाद मोबाइल स्विच ऑफ कर दिया गया।
संदिग्ध अयान उर्फ सुन्नत गिरफ्तार
पुलिस टीम ने 06 फरवरी 2026 को बीएचईएल स्टेडियम के पास से संदिग्ध अयान उर्फ सुन्नत को हिरासत में लिया। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से गुमशुदा मनीष का मोबाइल फोन बरामद किया गया।
मोबाइल छीनने का विरोध पड़ा जान पर भारी
पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया कि उसने अंधेरे का फायदा उठाकर मनीष से मोबाइल छीन लिया था। जब मनीष ने आरोपी के घर जाकर मोबाइल वापस मांगा और पुलिस में शिकायत की धमकी दी, तो अयान ने अपने साथी बिलाल (जो हाल ही में जेल से छूटा था) के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची।
शराब के बहाने बुलाकर की हत्या
आरोपियों ने मनीष को शराब पीने के बहाने बीएचईएल क्षेत्र की झाड़ियों में बुलाया। वहां विवाद होने पर बिलाल ने मनीष को पकड़ा और अयान ने उसका गला घोंटकर हत्या कर दी।
सबूत मिटाने के लिए शव को प्लास्टिक के कट्टे में भरकर सुपरवाइजर हॉस्टल, बीएचईएल के पास झाड़ियों में फेंक दिया गया और ई-रिक्शा लावारिस छोड़कर फरार हो गए।
आरोपी की निशानदेही पर शव बरामद
पुलिस ने आरोपी अयान उर्फ सुन्नत की निशानदेही पर मृतक मनीष का शव बरामद किया। मामले में गुमशुदगी को धारा 103(1), 303(2), 238, 61(2) BNS में तरमीम कर अग्रिम वैधानिक कार्यवाही की जा रही है। दूसरे आरोपी की तलाश जारी है।
आशुतोष राणा – प्रभारी निरीक्षक, कोतवाली रानीपुर
नितिन चौहान – वरिष्ठ उप निरीक्षक
विकास रावत – चौकी प्रभारी, गैस प्लांट
मन्दीप सिंह – उप निरीक्षक
का. 1329 दीप गौड
का. 256 सुमन डोभाल
का. 678 रविन्द्र बिष्ट
का. 1386 अजीतराज की करवाई।


