फुरकान अंसारी।
हरिद्वार। पैगम्बर-ए-इस्लाम हजरत मोहम्मद साहब ﷺ के जन्मोत्सव *जश्ने ईद मिलादुन्नबी* के अवसर पर ज्वालापुर में अकीदत और हर्षोल्लास का माहौल रहा। *अंजुमन गुलामाने मुस्तफा सोसाइटी* के संयोजन में मंडी का कुआं और बाबा रोशन अली शाह की दरगाह से गढ़ी वाले पीर तक चादरी जुलूस निकाला गया। बड़ी संख्या में अकीदतमंद जुलूस में शामिल हुए।
जुलूस में नाते पाक की सदाओं के बीच अकीदतमंद हाथों में तिरंगे झंडे लेकर चल रहे थे। रास्ते में जगह-जगह लोगों ने फूल-मालाओं से जुलूस का स्वागत किया। इस दौरान फल, हलवा, खीर और मीठे चावल का लंगर भी वितरित किया गया।
बाबा रोशन अली शाह की दरगाह पर कलाम पाक की तिलावत और नाते पाक पेश की गईं। अकीदतमंदों ने देश की तरक्की, अमन-चैन, खुशहाली और आपसी भाईचारे के लिए दुआ की। साथ ही पैगम्बर मोहम्मद साहब की शिक्षाओं को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लिया।
*अंजुमन गुलामाने मुस्तफा सोसाइटी के सदर हाजी शफी खान व सचिव राहील कुरैशी* ने कहा कि पैगम्बर मोहम्मद साहब ने पूरी दुनिया को इंसानियत, मोहब्बत, रहमदिली और भाईचारे का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि हमें उनके बताए रास्ते पर चलते हुए गरीबों, मजलूमों और जरूरतमंदों की मदद करनी चाहिए तथा झूठ और फरेब से बचना चाहिए।
*सोसाइटी के नायब सदर,ज्वालापुर ईदगाह कमेटी के सदर हाजी जमशेद खान* ने कहा कि जश्ने ईद मिलादुन्नबी हमें पैगम्बर मोहम्मद साहब की शिक्षाओं को अपने जीवन में उतारने और समाज में प्रेम, शांति व भाईचारा कायम रखने की प्रेरणा देता है।
*समाजसेवी हाजी अनीश खान ठेकेदार* ने कहा कि पैगम्बर मोहम्मद साहब ने इंसानियत और आपसी भाईचारे को सबसे अहम बताया। उनकी शिक्षाओं पर अमल कर समाज में एकता और सौहार्द को मजबूत किया जा सकता है।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में अकीदतमंद मौजूद रहे और पूरे क्षेत्र में जश्ने ईद मिलादुन्नबी की रौनक दिखाई दी।


